बालोद में सीवरेज खुदाई के दौरान मिट्टी धंसने से 3 मजदूरों की मौत, 10 फीट गहरे गड्ढे में दबे

0
comp-1-2026-05-12t1939013211778595254_1778605859

बालोद में सीवरेज खुदाई के दौरान मिट्टी धंसने से 3 मजदूरों की मौत, 10 फीट गहरे गड्ढे में दबे, छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में मंगलवार शाम एक दर्दनाक हादसे में तीन मजदूरों की जान चली गई। दल्लीराजहरा क्षेत्र में सीवरेज पाइपलाइन बिछाने के लिए चल रही खुदाई के दौरान अचानक मिट्टी धंस गई, जिससे गहरे गड्ढे में काम कर रहे तीन मजदूर दब गए। हादसे में दो पुरुष और एक महिला मजदूर की मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और मौके पर बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए।

यह हादसा दल्लीराजहरा के दास पान ठेला चौक के पास मंगलवार शाम हुआ। जानकारी के अनुसार, भिलाई स्टील प्लांट (BSP) के सीवरेज लाइन विस्तार प्रोजेक्ट के तहत इलाके में पाइपलाइन बिछाने का काम चल रहा था। मजदूर करीब 10 फीट गहरे गड्ढे में उतरकर खुदाई और पाइप फिटिंग का कार्य कर रहे थे। इसी दौरान अचानक मिट्टी भरभराकर ढह गई और तीनों मजदूर उसके नीचे दब गए।

मृतकों की पहचान किशुन कुमार, राकेश कुमार और बैशाखिन के रूप में हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मिट्टी इतनी तेजी से धंसी कि मजदूरों को बाहर निकलने का मौका तक नहीं मिल पाया। आसपास मौजूद अन्य मजदूर और स्थानीय लोग कुछ समझ पाते, उससे पहले तीनों पूरी तरह मलबे में दब चुके थे।

घटना के तुरंत बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और लोगों ने राहत कार्य शुरू करने की कोशिश की। स्थानीय लोगों ने मजदूरों को बचाने के लिए खुद भी प्रयास किए, लेकिन मिट्टी अधिक होने और गड्ढा गहरा होने के कारण राहत कार्य में काफी दिक्कतें आईं। सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और बीएसपी के अधिकारी मौके पर पहुंचे और राहत-बचाव अभियान शुरू किया गया। हालांकि, काफी मशक्कत के बाद जब मजदूरों को बाहर निकाला गया, तब तक उनकी मौत हो चुकी थी।

हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने निर्माण एजेंसी और संबंधित अधिकारियों पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। लोगों का कहना है कि मजदूरों से बिना पर्याप्त सुरक्षा इंतजामों के 10 फीट गहरे गड्ढे में काम कराया जा रहा था। आरोप है कि मौके पर न तो सुरक्षा बैरिकेडिंग थी और न ही मिट्टी धंसने से बचाव के लिए जरूरी तकनीकी उपाय किए गए थे। ऐसे कार्यों में आमतौर पर गड्ढे की दीवारों को मजबूत करने और सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराने की जरूरत होती है, लेकिन यहां सुरक्षा मानकों की अनदेखी की गई।

घटना के बाद क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है। स्थानीय लोगों और मजदूरों ने मांग की है कि हादसे के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और मृतकों के परिवारों को उचित मुआवजा दिया जाए। कई लोगों का कहना है कि अगर सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम किए गए होते तो तीन मजदूरों की जान बचाई जा सकती थी।

फिलहाल, पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और हादसे के कारणों की पड़ताल की जा रही है। प्रशासन यह भी जांच कर रहा है कि निर्माण कार्य के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा था या नहीं। अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *