कैमूर: साइबर पुलिस की तत्परता से जमीन के नाम पर हुई 1.80 लाख की ठगी नाकाम
Kaimur cyber police act against land fraud, help victim recover money. कैमूर में साइबर पुलिस की त्वरित और प्रभावी कार्रवाई से एक व्यक्ति के 1.80 लाख रुपए की ठगी होने से बच गई। जमीन खरीद-बिक्री के नाम पर हुए फर्जीवाड़े का शिकार हुए पीड़ित शिव शंकर सिंह की शिकायत पर पुलिस ने यह रकम वापस दिलाई।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

कैमूर जिले में साइबर अपराधियों के खिलाफ पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। जिले की साइबर थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक व्यक्ति को जमीन खरीद-बिक्री के नाम पर होने वाली बड़ी धोखाधड़ी से बचा लिया। इस मामले में पीड़ित के 1.80 लाख रुपये सुरक्षित वापस उनके खाते में पहुंच गए हैं, जिससे साइबर ठगों के मंसूबे धरे के धरे रह गए।
क्या था पूरा मामला
घटना करमचट थाना क्षेत्र के अमाव गांव की है। यहां के निवासी शिव शंकर सिंह, जो गंगा सिंह के पुत्र हैं, साइबर अपराधियों के जाल में फंस गए थे। पीड़ित को जमीन की खरीद-बिक्री के सौदे का झांसा देकर ठगों ने 1,80,000 रुपये की राशि ऐंठ ली थी। जैसे ही शिव शंकर सिंह को एहसास हुआ कि उनके साथ धोखाधड़ी हुई है, उन्होंने घबराने के बजाय सूझबूझ का परिचय दिया।
पीड़ित ने बिना देरी किए राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर '1930' पर संपर्क किया और अपनी शिकायत दर्ज कराई। यह हेल्पलाइन नंबर साइबर धोखाधड़ी के मामलों में तत्काल सहायता के लिए सरकार द्वारा संचालित किया जाता है, जो ऐसे मामलों में बेहद प्रभावी साबित हो रहा है।
पुलिस की त्वरित तकनीकी कार्रवाई
शिकायत मिलते ही कैमूर साइबर थाना की टीम सक्रिय हो गई। पुलिस ने मामले की गंभीरता को समझते हुए तत्काल तकनीकी जांच शुरू की। साइबर सेल ने ठगों के बैंक खातों और ट्रांजैक्शन की कड़ी निगरानी की और समय रहते ठगी गई पूरी राशि को होल्ड करवा दिया। पुलिस की इस तत्परता के कारण अपराधी उस पैसे को निकाल पाने में सफल नहीं हो सके।
तकनीकी प्रक्रिया पूरी होने के बाद, पुलिस ने होल्ड की गई 1.80 लाख रुपये की पूरी राशि को पीड़ित शिव शंकर सिंह के बैंक खाते में वापस ट्रांसफर करवा दिया। अपनी मेहनत की कमाई वापस पाकर पीड़ित ने राहत की सांस ली और कैमूर साइबर पुलिस की कार्यप्रणाली की सराहना की।
साइबर सुरक्षा के प्रति पुलिस की अपील
इस सफलता के बाद कैमूर साइबर पुलिस ने आम जनता के लिए एक महत्वपूर्ण परामर्श जारी किया है। पुलिस का कहना है कि साइबर अपराधी आए दिन नए-नए तरीकों से लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं। जमीन के सौदे, नौकरी का झांसा, या बैंक केवाईसी अपडेट के नाम पर होने वाली कॉल से सावधान रहना बेहद जरूरी है।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई भी व्यक्ति किसी भी प्रकार की साइबर धोखाधड़ी का शिकार होता है, तो उसे तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करना चाहिए। इसके अलावा, आधिकारिक पोर्टल cybercrime.gov.in पर भी शिकायत दर्ज कराई जा सकती है। शिकायत जितनी जल्दी दर्ज होगी, पैसे वापस मिलने की संभावना उतनी ही अधिक होती है।
यह घटना इस बात का प्रमाण है कि साइबर अपराध के मामलों में समय पर दी गई सूचना और पुलिस की त्वरित कार्रवाई से न केवल अपराधियों पर नकेल कसी जा सकती है, बल्कि आम नागरिकों की गाढ़ी कमाई को भी सुरक्षित बचाया जा सकता है। कैमूर पुलिस अब इस मामले में आगे की जांच कर रही है ताकि इन ठगों की पहचान कर उन्हें कानून के दायरे में लाया जा सके।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!
