धौलपुर: पिकअप हादसे में 4 मौतों के बाद प्रशासन सख्त, पोखर किनारे से हटाए गए अवैध निर्माण
पोखर के आसपास के अवैध निर्माण जेसीबी से हटाए गए। इसमें मकान, टीन शेड, लैट्रिन-बाथरूम और बाउंड्री जैसे निर्माण हटाए गए।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

हादसे के बाद जागा प्रशासन, पोखर के आसपास चला बुलडोजर
धौलपुर जिले के फूलपुर गांव में हाल ही में हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे के बाद स्थानीय प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। पोखर में पिकअप गाड़ी गिरने से हुई चार लोगों की मौत के बाद प्रशासन ने पोखर के चारों ओर किए गए अवैध अतिक्रमण को चिन्हित कर उन्हें ध्वस्त कर दिया है। इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य भविष्य में इस तरह की दुर्घटनाओं को रोकना और सरकारी भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराना है।
सोमवार को भारी पुलिस बल की मौजूदगी में जेसीबी मशीनों के जरिए पोखर के किनारे बने अवैध निर्माणों को हटाया गया। इस दौरान प्रशासन ने मकान, टीन शेड, शौचालय, बाथरूम और बाउंड्री वॉल जैसे कई अवैध निर्माणों को जमींदोज कर दिया। कार्रवाई से पहले राजस्व विभाग की टीम ने पूरे क्षेत्र का सर्वे कर अतिक्रमण की पहचान की थी, ताकि किसी भी प्रकार की कानूनी अड़चन न आए।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम और अधिकारियों की मौजूदगी
अतिक्रमण हटाओ अभियान के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। मौके पर 70 से अधिक पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया था, जिसमें महिला पुलिस बल भी शामिल था। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सिविल डिफेंस की टीम और एंबुलेंस को भी मौके पर तैयार रखा गया था। पूरी कार्रवाई के दौरान क्षेत्र में तनाव की स्थिति न बने, इसका विशेष ध्यान रखा गया।
इस अभियान का नेतृत्व धौलपुर के तहसीलदार हेमंत शर्मा, मनियां तहसीलदार ताराचंद सैनी और मनियां सीओ खलील अहमद ने संयुक्त रूप से किया। प्रशासनिक अधिकारियों की देखरेख में पूरी कार्रवाई शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुई। स्थानीय निवासियों ने भी इस दौरान प्रशासन का सहयोग किया और किसी भी प्रकार का विरोध देखने को नहीं मिला।
हादसे ने खड़े किए थे सुरक्षा पर सवाल
उल्लेखनीय है कि कुछ दिन पूर्व फूलपुर गांव स्थित इसी पोखर में एक पिकअप वाहन अनियंत्रित होकर गिर गया था। इस भीषण दुर्घटना में चार लोगों की जान चली गई थी। हादसे के बाद से ही स्थानीय ग्रामीणों ने पोखर के आसपास के अतिक्रमण और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े किए थे। लोगों का कहना था कि अतिक्रमण के कारण रास्ता संकरा हो गया था, जिससे वाहन चालकों को आवाजाही में परेशानी होती है।
प्रशासन ने घटना को गंभीरता से लेते हुए पोखर की सुरक्षा सुनिश्चित करने का निर्णय लिया। अधिकारियों का स्पष्ट कहना है कि पोखर के आसपास का क्षेत्र अब पूरी तरह से अतिक्रमण मुक्त करा दिया गया है। भविष्य में यहां दोबारा अवैध निर्माण न हो, इसके लिए संबंधित विभागों को नियमित निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का मानना है कि इस कदम से न केवल पोखर का संरक्षण होगा, बल्कि सड़क सुरक्षा में भी सुधार आएगा।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!