ब्रेकिंग
उदयपुर: पुलिस हिरासत से चकमा देकर भागे दो नाबालिग चोर, पहाड़ियों में तलाश जारीभोपाल के कटारा हिल्स में तेंदुए की दस्तक: रिहायशी इलाकों में दहशत, पार्क में आवाजाही पर लगी रोकग्वालियर में हनीट्रैप का खौफ: ब्लैकमेलिंग से तंग आकर युवक ने की आत्महत्या, दंपति पर केस दर्जलखनऊ: लारी कार्डियोलॉजी सेंटर में हर साल 8500 से ज्यादा हार्ट अटैक मरीजों को मिल रहा नया जीवनसुपौल: अवैध लेनदेन के विवाद में युवक का अपहरण, पुलिस ने 12 घंटे के भीतर सकुशल कराया बरामदकरौली की बेटी प्रिया गुप्ता का कमाल: पहले ही प्रयास में NEET-PG में लहराया सफलता का परचमधौलपुर: पिकअप हादसे में 4 मौतों के बाद प्रशासन सख्त, पोखर किनारे से हटाए गए अवैध निर्माणझांसी के कारोबारी का रहस्यमय परिस्थितियों में निधन, मध्य प्रदेश की नदी में मिला शव
उदयपुर: पुलिस हिरासत से चकमा देकर भागे दो नाबालिग चोर, पहाड़ियों में तलाश जारीभोपाल के कटारा हिल्स में तेंदुए की दस्तक: रिहायशी इलाकों में दहशत, पार्क में आवाजाही पर लगी रोकग्वालियर में हनीट्रैप का खौफ: ब्लैकमेलिंग से तंग आकर युवक ने की आत्महत्या, दंपति पर केस दर्जलखनऊ: लारी कार्डियोलॉजी सेंटर में हर साल 8500 से ज्यादा हार्ट अटैक मरीजों को मिल रहा नया जीवनसुपौल: अवैध लेनदेन के विवाद में युवक का अपहरण, पुलिस ने 12 घंटे के भीतर सकुशल कराया बरामदकरौली की बेटी प्रिया गुप्ता का कमाल: पहले ही प्रयास में NEET-PG में लहराया सफलता का परचमधौलपुर: पिकअप हादसे में 4 मौतों के बाद प्रशासन सख्त, पोखर किनारे से हटाए गए अवैध निर्माणझांसी के कारोबारी का रहस्यमय परिस्थितियों में निधन, मध्य प्रदेश की नदी में मिला शव

राजसमंद: सरकारी अस्पताल में ऑपरेशन के बदले रिश्वत लेते डॉक्टर गिरफ्तार

राजसमंद में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए आरके हॉस्पिटल के जूनियर स्पेशलिस्ट सर्जरी डॉ. पंकज जैन को 1300 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया। एसीबी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हिम्मत सिंह चारण ने बताया कि डॉक्टर ने परिवादी की आंख के पास हुई फुंसी का माइनर ऑपरेशन करने की एवज में 2000 रुपये की रिश्वत की मांग की थी।

मोहम्मद फ़ैज़ान

मोहम्मद फ़ैज़ान

संपादक

20 जुलाई 20262 मिनट पढ़ें
राजसमंद: सरकारी अस्पताल में ऑपरेशन के बदले रिश्वत लेते डॉक्टर गिरफ्तार
मूल स्रोत

राजस्थान के राजसमंद जिले में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। कांकरोली स्थित आरके जिला अस्पताल में तैनात एक जूनियर स्पेशलिस्ट सर्जन को रिश्वतखोरी के आरोप में रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया है। यह घटना सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं में व्याप्त भ्रष्टाचार की पोल खोलती है, जहां मरीजों को इलाज के लिए भी अवैध वसूली का सामना करना पड़ रहा है।

ऑपरेशन के नाम पर मांगी गई थी रिश्वत

एसीबी के अधिकारियों के अनुसार, आरोपी डॉक्टर पंकज जैन आरके अस्पताल में सर्जरी विभाग में जूनियर स्पेशलिस्ट के पद पर कार्यरत हैं। एक मरीज ने शिकायत दर्ज कराई थी कि डॉक्टर ने उसकी आंख के पास हुई एक छोटी सी फुंसी का माइनर ऑपरेशन करने के बदले में 2,000 रुपये की रिश्वत की मांग की है। सरकारी अस्पताल में इलाज मुफ्त या निर्धारित शुल्क पर होना चाहिए, लेकिन डॉक्टर ने अपनी जेब भरने के लिए मरीज पर दबाव बनाया।

शिकायतकर्ता और डॉक्टर के बीच बातचीत के बाद रिश्वत की राशि 1,800 रुपये तय की गई। डॉक्टर ने मरीज से पहले 500 रुपये एडवांस के रूप में ले लिए थे और शेष 1,300 रुपये देने के लिए कहा था। मरीज ने इस अवैध मांग की सूचना एसीबी को दी, जिसके बाद विभाग ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जाल बिछाया।

एसीबी की कार्रवाई और गिरफ्तारी

एसीबी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हिम्मत सिंह चारण ने बताया कि शिकायत का सत्यापन करने के बाद टीम ने एक योजना तैयार की। जैसे ही मरीज ने अस्पताल में डॉक्टर पंकज जैन को शेष 1,300 रुपये की राशि सौंपी, एसीबी की टीम ने तुरंत मौके पर पहुंचकर डॉक्टर को रंगे हाथों धर दबोचा। तलाशी के दौरान टीम ने रिश्वत की राशि के साथ-साथ पहले लिए गए 500 रुपये भी बरामद कर लिए हैं।

डॉक्टर की गिरफ्तारी के बाद अस्पताल परिसर में हड़कंप मच गया। एसीबी की टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए और डॉक्टर को हिरासत में ले लिया। इस कार्रवाई ने अस्पताल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं कि एक सरकारी डॉक्टर खुलेआम मरीजों से पैसे की मांग कैसे कर रहा था।

आगे की जांच और कानूनी प्रक्रिया

वर्तमान में एसीबी की टीम आरोपी डॉक्टर से गहन पूछताछ कर रही है। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि क्या डॉक्टर ने पहले भी अन्य मरीजों से इस तरह की अवैध वसूली की है। एसीबी के अधिकारी इस बात की भी जांच कर रहे हैं कि क्या इस मामले में अस्पताल के किसी अन्य कर्मचारी या अधिकारी की मिलीभगत है।

भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। एसीबी ने स्पष्ट किया है कि सरकारी कर्मचारियों द्वारा की जा रही इस तरह की रिश्वतखोरी के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे। इस घटना के बाद से स्थानीय लोगों में आक्रोश है और वे अस्पताल में बेहतर व्यवस्था और पारदर्शिता की मांग कर रहे हैं।

SponsoredMushfan Digital Studios - We Build Brands. We Grow Businesses.

टिप्पणियाँ (2)

  • अ
    अमित कुमार2 घंटे पहले

    बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।

  • स
    सपना ठाकुर4 घंटे पहले

    ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!

संबंधित खबरें