इंदौर में 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम पर सियासी घमासान, भाजपा ने राहुल गांधी पर साधा निशाना
कांग्रेस ने रविवार, 20 सितंबर को BJP-RSS पर शिक्षा व्यवस्था को खोखला और भ्रष्ट करने का आरोप लगाया। पार्टी ने कहा कि राहुल गांधी छात्रों के साथ खड़े हैं।

मोहम्मद नवेद
एडिटर

इंदौर में आयोजित 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम के बाद देश की राजनीति में एक नया विवाद खड़ा हो गया है। इस कार्यक्रम में राहुल गांधी की उपस्थिति और मंच पर हुई कुछ गतिविधियों को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। भाजपा का आरोप है कि इस आयोजन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी दिवंगत मां का अपमान किया गया है।
भाजपा का तीखा हमला
केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने सोशल मीडिया पर अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कांग्रेस को 'जोकरों की पार्टी' करार दिया है। वहीं, केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रल्हाद जोशी ने इस घटना को नैतिक दिवालियापन का निचला स्तर बताया। उन्होंने कहा कि छात्र संवाद जैसे मंच का उपयोग प्रधानमंत्री की मां का मजाक उड़ाने के लिए करना राजनीतिक संस्कृति की कमी को दर्शाता है।
विवाद का मुख्य कारण मंच पर स्टैंडअप कॉमेडियन पुलकित मणि द्वारा की गई प्रधानमंत्री की नकल को माना जा रहा है। वीडियो में राहुल गांधी को इस प्रस्तुति पर हंसते हुए देखा गया, जिसके बाद भाजपा नेताओं ने इसे गरिमा के विरुद्ध बताया है। दूसरी ओर, कांग्रेस ने इन आरोपों को खारिज करते हुए भाजपा और आरएसएस पर शिक्षा व्यवस्था को भ्रष्ट करने का पलटवार किया है।
राहुल गांधी ने उठाए शिक्षा और हॉस्टल के मुद्दे
विवादों के बीच राहुल गांधी ने इंदौर में छात्रों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक छात्रा के सवाल का जिक्र करते हुए कहा कि सरकार के पास भव्य आयोजन के लिए बजट है, लेकिन छात्रों के लिए पर्याप्त हॉस्टल की सुविधा नहीं है। उन्होंने कहा कि हॉस्टल न मिलने के कारण कई छात्राओं को पढ़ाई छोड़ने पर मजबूर होना पड़ता है।
कार्यक्रम के दौरान छात्रों ने शिक्षा, भर्ती परीक्षाओं में देरी, आरक्षण और रोजगार जैसे गंभीर विषयों पर राहुल गांधी से चर्चा की। एक छात्रा ने ओबीसी आरक्षण की कानूनी जटिलताओं के कारण रुकी हुई नियुक्तियों का मुद्दा उठाया, जबकि अन्य छात्रों ने एमपीपीएससी में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ आवाज उठाई। आदिवासी छात्रों ने भी हॉस्टल की कमी की समस्या को प्रमुखता से रखा।
सिस्टम और छात्रों के बीच का संघर्ष
राहुल गांधी ने कार्यक्रम में 'सिस्टम बनाम स्टूडेंट्स' विषय पर बात करते हुए आरोप लगाया कि वर्तमान व्यवस्था छात्रों के सवालों से डरती है। उन्होंने दावा किया कि सरकार सवाल पूछने वाले युवाओं के बजाय अंधभक्ति चाहती है। उन्होंने देश के राजनीतिक और आर्थिक ढांचे पर कुछ चुनिंदा लोगों और संस्थाओं के प्रभाव का भी उल्लेख किया।
यह कार्यक्रम कोटा, देहरादून, प्रयागराज और पुणे के बाद इंदौर में आयोजित किया गया था। राहुल गांधी ने स्पष्ट किया कि शिक्षा छात्रों का अधिकार है, न कि सरकार की ओर से दी जाने वाली कोई सुविधा। उन्होंने शिक्षक भर्ती अभ्यर्थियों के आंदोलन में शामिल होने का आश्वासन भी दिया।
कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने बचाव करते हुए कहा कि राहुल गांधी छात्रों के साथ खड़े हैं और सरकार से जवाबदेही की मांग कर रहे हैं। फिलहाल, इस कार्यक्रम के वीडियो और उस पर हुई टिप्पणियों को लेकर राजनीतिक गलियारों में आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है।

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मोहम्मद नवेद
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!