ब्रेकिंग
उदयपुर: पुलिस हिरासत से चकमा देकर भागे दो नाबालिग चोर, पहाड़ियों में तलाश जारीभोपाल के कटारा हिल्स में तेंदुए की दस्तक: रिहायशी इलाकों में दहशत, पार्क में आवाजाही पर लगी रोकग्वालियर में हनीट्रैप का खौफ: ब्लैकमेलिंग से तंग आकर युवक ने की आत्महत्या, दंपति पर केस दर्जलखनऊ: लारी कार्डियोलॉजी सेंटर में हर साल 8500 से ज्यादा हार्ट अटैक मरीजों को मिल रहा नया जीवनसुपौल: अवैध लेनदेन के विवाद में युवक का अपहरण, पुलिस ने 12 घंटे के भीतर सकुशल कराया बरामदकरौली की बेटी प्रिया गुप्ता का कमाल: पहले ही प्रयास में NEET-PG में लहराया सफलता का परचमधौलपुर: पिकअप हादसे में 4 मौतों के बाद प्रशासन सख्त, पोखर किनारे से हटाए गए अवैध निर्माणझांसी के कारोबारी का रहस्यमय परिस्थितियों में निधन, मध्य प्रदेश की नदी में मिला शव
उदयपुर: पुलिस हिरासत से चकमा देकर भागे दो नाबालिग चोर, पहाड़ियों में तलाश जारीभोपाल के कटारा हिल्स में तेंदुए की दस्तक: रिहायशी इलाकों में दहशत, पार्क में आवाजाही पर लगी रोकग्वालियर में हनीट्रैप का खौफ: ब्लैकमेलिंग से तंग आकर युवक ने की आत्महत्या, दंपति पर केस दर्जलखनऊ: लारी कार्डियोलॉजी सेंटर में हर साल 8500 से ज्यादा हार्ट अटैक मरीजों को मिल रहा नया जीवनसुपौल: अवैध लेनदेन के विवाद में युवक का अपहरण, पुलिस ने 12 घंटे के भीतर सकुशल कराया बरामदकरौली की बेटी प्रिया गुप्ता का कमाल: पहले ही प्रयास में NEET-PG में लहराया सफलता का परचमधौलपुर: पिकअप हादसे में 4 मौतों के बाद प्रशासन सख्त, पोखर किनारे से हटाए गए अवैध निर्माणझांसी के कारोबारी का रहस्यमय परिस्थितियों में निधन, मध्य प्रदेश की नदी में मिला शव

संसद में NEET पेपर लीक पर घमासान: खड़गे बोले- पीएम सदन में आकर दें स्पष्टीकरण

Parliament Monsoon Session 2026 Opppsition Protest LIVE Photos Update; PM Modi Rahul Gandhi BJP Congress Paper Leak Row

मोहम्मद फ़ैज़ान

मोहम्मद फ़ैज़ान

संपादक

24 जुलाई 20263 मिनट पढ़ें
संसद में NEET पेपर लीक पर घमासान: खड़गे बोले- पीएम सदन में आकर दें स्पष्टीकरण
मूल स्रोत

संसद के दोनों सदनों में हंगामा, कार्यवाही स्थगित

संसद के मानसून सत्र के दौरान नीट पेपर लीक मामले और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर विपक्ष का विरोध प्रदर्शन जारी है। विपक्षी सांसदों ने संसद के मकर द्वार के बाहर एकत्रित होकर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। हंगामे के कारण लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही को दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित करना पड़ा।

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सदन के भीतर आकर इस मुद्दे पर बयान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि रात के समय बयान जारी करने के बजाय प्रधानमंत्री को संसद में अपनी बात रखनी चाहिए, तभी विपक्ष उनकी बातों को गंभीरता से लेगा।

सरकार की तैयारी और भाजपा का व्हिप

विपक्ष के विरोध के बीच सत्ता पक्ष भी सक्रिय नजर आ रहा है। भाजपा ने अपने सभी एनडीए सांसदों के लिए व्हिप जारी कर शुक्रवार को सदन में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने के निर्देश दिए हैं। दोपहर में कैबिनेट की बैठक भी बुलाई गई है, जिसमें पेपर लीक से जुड़े मामलों में सजा के प्रावधानों को कड़ा करने के लिए एक प्रस्ताव पेश किया जा सकता है।

कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि प्रधानमंत्री ने पेपर लीक मामलों की सुनवाई के लिए फास्ट-ट्रैक कोर्ट गठित करने का निर्णय लिया है। ये अदालतें रोजाना सुनवाई करेंगी ताकि युवाओं को जल्द से जल्द न्याय मिल सके और जांच प्रक्रिया एक निश्चित समय सीमा में पूरी हो सके।

विपक्ष का आक्रामक रुख और प्रदर्शन

संसद परिसर में प्रदर्शन के दौरान सोनिया गांधी, राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे और अखिलेश यादव जैसे प्रमुख विपक्षी नेता शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांग शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा है। वहीं, तृणमूल कांग्रेस के सांसद कल्याण बनर्जी ने उन बागी सांसदों के खिलाफ भी विरोध जताया जिन्होंने अलग गुट बनाकर एनडीए को समर्थन देने का निर्णय लिया है।

केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव ने विपक्ष के इस रवैये पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार संसद में चर्चा के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने विपक्ष से आग्रह किया कि वे सदन के बाहर प्रदर्शन करने के बजाय संसद के भीतर आकर सार्थक बहस करें और अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन करें।

सत्र की पृष्ठभूमि और आगे की स्थिति

मानसून सत्र के पिछले तीन दिनों से लगातार हंगामे की स्थिति बनी हुई है। इससे पहले मंगलवार को भी विपक्ष ने प्रधानमंत्री आवास के पास धरना दिया था। विपक्ष का आरोप है कि उन्हें संसद में अपनी बात रखने का पर्याप्त अवसर नहीं दिया जा रहा है और उनके माइक बंद कर दिए जाते हैं। दूसरी ओर, सरकार का दावा है कि वह छात्रों के भविष्य को लेकर गंभीर है और कड़े कानून लाने की दिशा में बढ़ रही है।

आने वाले दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि क्या सरकार और विपक्ष के बीच किसी प्रकार की सहमति बन पाती है या फिर गतिरोध के कारण संसद की कार्यवाही इसी तरह बाधित होती रहेगी। फिलहाल, दोनों पक्ष अपने-अपने रुख पर अडिग हैं और छात्रों के मुद्दे पर राजनीतिक खींचतान तेज हो गई है।

SponsoredMushfan Digital Studios - We Build Brands. We Grow Businesses.

टिप्पणियाँ (2)

  • अ
    अमित कुमार2 घंटे पहले

    बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।

  • स
    सपना ठाकुर4 घंटे पहले

    ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!

संबंधित खबरें