पलवल में बंद मकान से लाखों की चोरी का पर्दाफाश, सीआईए ने दो आरोपियों को दबोचा
पलवल में सीआईए स्टाफ ने बंद मकान से लाखों रुपए के जेवरात चोरी के मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों से चोरी के जेवरात बेचकर मिली नकदी और वारदात में इस्तेमाल की बाइक बरामद की है।

मुश्ताक अहमद खान
Editor In Chief

बंद मकान को बनाया था निशाना
पलवल पुलिस की सीआईए टीम ने एक बड़ी चोरी की वारदात का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। यह मामला शहर की भीमसैन कॉलोनी का है, जहां एक बंद मकान का ताला तोड़कर लाखों रुपये के सोने-चांदी के आभूषण चोरी कर लिए गए थे। पुलिस ने गहन जांच के बाद आरोपियों तक पहुंचने का रास्ता साफ किया और अब उन्हें कानून के दायरे में ले आई है।
घटना के संबंध में पीड़ित देवराज ने कैंप थाना में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार, मई महीने में जब वे अपने परिवार के साथ पैतृक गांव गए हुए थे, तब अज्ञात चोरों ने सूने घर का फायदा उठाकर अलमारी में रखे कीमती जेवरात उड़ा लिए थे। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी, जिसके बाद सीआईए स्टाफ को इस केस को सुलझाने की जिम्मेदारी सौंपी गई।
ऐसे पकड़े गए आरोपी
सीआईए स्टाफ प्रभारी जगमिंदर सिंह ने बताया कि जांच के दौरान पुलिस ने सबसे पहले भगतजी कॉलोनी निवासी तेजपाल उर्फ तेजन को गिरफ्तार किया था। उसे रिमांड पर लेकर पूछताछ की गई, जिससे चोरी की वारदात में शामिल अन्य साथियों के बारे में सुराग मिले। पुलिस ने इस दौरान वारदात में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल भी बरामद कर ली है।
जांच की अगली कड़ी में पुलिस ने 5 अगस्त को शेखपुरा मोहल्ला निवासी हेमंत को गिरफ्तार किया। हेमंत को दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया, जिसके दौरान पुलिस ने चोरी किए गए जेवरात बेचने के बाद बचे हुए 50 हजार रुपये नकद बरामद किए। इसके बाद, 6 अगस्त को मथुरा के कालीदेह (वृंदावन) निवासी संजय को थंथरी गांव से गिरफ्तार किया गया।
कानूनी कार्रवाई और आगे की जांच
पुलिस ने आरोपी हेमंत को अदालत में पेश करने के बाद जेल भेज दिया है। वहीं, तीसरे आरोपी संजय से पूछताछ के लिए पुलिस रिमांड लेने की प्रक्रिया जारी है। पुलिस का कहना है कि इस चोरी में शामिल किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा और मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है।
सीआईए प्रभारी ने स्पष्ट किया है कि चोरी हुए सामान की बरामदगी और अन्य संभावित संलिप्तताओं को लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस की इस कार्रवाई से स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली है, क्योंकि बंद घरों को निशाना बनाने वाले गिरोह का पर्दाफाश होना सुरक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण है।
इस मामले में पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों की सूचनाओं का बेहतर तालमेल बिठाया, जिसके चलते आरोपियों की गिरफ्तारी संभव हो सकी। आने वाले दिनों में पुलिस इस गिरोह के अन्य पुराने मामलों में भी संलिप्तता की जांच कर सकती है, ताकि क्षेत्र में होने वाली अन्य चोरी की घटनाओं का भी खुलासा किया जा सके।
फिलहाल, पुलिस प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे घर से बाहर जाते समय सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करें और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तुरंत नजदीकी पुलिस स्टेशन या सीआईए को दें। मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है।

Editor In Chief
मुश्ताक अहमद खान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!