नूंह में ब्रजमंडल जलाभिषेक यात्रा आज: सुरक्षा के कड़े इंतजाम, 2200 पुलिसकर्मी तैनात
नूंह में आज सावन के पहले सोमवार पर हिंदू संगठनों की ओर से ब्रजमंडल जलाभिषेक यात्रा निकाली जाएगी। करीब 80 किलोमीटर लंबे यात्रा मार्ग पर सुरक्षा के लिए 12 DSP समेत लगभग 2200 पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

हरियाणा के नूंह जिले में सावन के पहले सोमवार के अवसर पर हिंदू संगठनों द्वारा ब्रजमंडल जलाभिषेक यात्रा का आयोजन किया जा रहा है। इस यात्रा को लेकर जिला प्रशासन और पुलिस पूरी तरह से सतर्क है। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए पूरे क्षेत्र में सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम किए गए हैं। यात्रा नल्हड़ेश्वर मंदिर से शुरू होकर फिरोजपुर झिरका के झिरकेश्वर महादेव और अंत में सिंगार गांव के श्रृंगेश्वर महादेव मंदिर तक जाएगी।
सुरक्षा के लिए भारी पुलिस बल तैनात
प्रशासन ने लगभग 80 किलोमीटर लंबे यात्रा मार्ग की सुरक्षा के लिए 12 डीएसपी सहित करीब 2200 पुलिसकर्मियों को तैनात किया है। सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद रखने के लिए जिले में 27 विशेष नाके बनाए गए हैं। इसके अलावा, सभी अंतरराज्यीय सीमाओं पर पुलिस की कड़ी निगरानी है और संदिग्ध वाहनों की गहन जांच की जा रही है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि यात्रा के दौरान लाठी-डंडे या किसी भी प्रकार के हथियार ले जाने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।
एहतियात के तौर पर जिले के सभी सरकारी और निजी स्कूलों को आज बंद रखने का आदेश दिया गया है। साथ ही, पेट्रोल पंपों पर बोतल या कैन में ईंधन देने पर रोक लगा दी गई है और यात्रा मार्ग पर पड़ने वाली मांस की दुकानों को भी बंद रखने के निर्देश दिए गए हैं। हालांकि, प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल इंटरनेट सेवाएं सामान्य रहेंगी।
प्रशासनिक सतर्कता और हेल्पलाइन
नूंह के डीसी अखिल पिलानी ने बताया कि किसी भी आपात स्थिति या सहायता के लिए जिला प्रशासन ने एक विशेष हेल्पलाइन नंबर (01267-274610) जारी किया है। स्थानीय सरपंचों ने भी शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस को पूर्ण सहयोग देने का लिखित आश्वासन दिया है। पुलिस अधीक्षक अर्पित जैन ने चेतावनी दी है कि यदि कोई भी तत्व माहौल बिगाड़ने का प्रयास करता है, तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई और एफआईआर दर्ज की जाएगी।
2023 की हिंसा का साया और पृष्ठभूमि
प्रशासन की इस सक्रियता के पीछे मुख्य कारण 31 जुलाई 2023 की घटना है, जब ब्रजमंडल जलाभिषेक यात्रा के दौरान नूंह में भीषण दंगे भड़क गए थे। उस हिंसा में 7 लोगों की जान गई थी और 60 से अधिक लोग घायल हुए थे। उपद्रवियों ने साइबर थाने पर हमला करने के साथ ही दर्जनों वाहनों को आग के हवाले कर दिया था। उस दौरान कई बड़े नामों पर कानूनी कार्रवाई की गई थी और लगभग 450 लोगों को गिरफ्तार किया गया था।
पिछले अनुभवों को देखते हुए प्रशासन कोई भी जोखिम नहीं लेना चाहता है। 2023 की घटना के बाद से अब तक दो बार यह यात्रा निकाली जा चुकी है, जो कड़ी सुरक्षा के बीच शांतिपूर्ण रही थी। इस बार भी पुलिस का मुख्य उद्देश्य यात्रा को सुरक्षित संपन्न कराना और क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखना है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!