मुरैना: 60 हजार के इनामी डकैत कल्ली गुर्जर ने जेलर को दी जान से मारने की धमकी, दर्ज हुआ केस
मुरैना में फरार चल रहे 60 हजार रुपए के इनामी डकैत कल्ली गुर्जर ने जिला जेल में पदस्थ उप जेल अधीक्षक सुनीत कुमार शर्मा को वाट्सएप कॉल कर जान से मारने की धमकी दी है। आरोपी ने जेल में बंद अपने भाइयों की बैरक बदलने को लेकर जेलर को धमकाया और गाली-गलौज की।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

मध्य प्रदेश के मुरैना जिले में कानून व्यवस्था को चुनौती देते हुए एक फरार इनामी डकैत ने जिला जेल के उप जेल अधीक्षक को फोन पर जान से मारने की धमकी दी है। 60 हजार रुपये का इनामी बदमाश कल्ली गुर्जर फिलहाल पुलिस की गिरफ्त से बाहर है, लेकिन उसने जेल प्रशासन के उच्च अधिकारी को सीधे निशाना बनाया है। इस घटना के बाद जेल परिसर में हड़कंप मच गया है और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।
क्या है पूरा मामला?
घटना 22 सितंबर की है, जब जिला जेल के उप जेल अधीक्षक सुनीत कुमार शर्मा अपने कार्यालय में मौजूद थे। दोपहर करीब 12:49 बजे उनके मोबाइल पर एक वाट्सएप कॉल आया। कॉल करने वाले ने अपनी पहचान कुख्यात डकैत कल्ली गुर्जर के रूप में दी। बातचीत के दौरान आरोपी ने जेल में बंद अपने भाइयों की बैरक बदलने को लेकर नाराजगी जताई और जेलर को अपशब्द कहे।
आरोपी ने जेलर को स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि उसके भाइयों की बैरक बदली गई या उन्हें किसी अन्य जेल में स्थानांतरित करने की कोशिश की गई, तो वह उन्हें जान से मार देगा। डकैत ने फोन पर न केवल गाली-गलौज की, बल्कि आपत्तिजनक संदेश भी भेजे। उप जेल अधीक्षक ने इस पूरी बातचीत को दूसरे मोबाइल फोन के जरिए रिकॉर्ड कर लिया, जिसे अब साक्ष्य के तौर पर पुलिस को सौंप दिया गया है।
जेल में बंद हैं डकैत के तीन भाई
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, कल्ली गुर्जर के तीन भाई जोगेंद्र उर्फ योगेंद्र, रवि और सचिन उर्फ पंपोला वर्तमान में जेल में बंद हैं। इनमें से सचिन को धौलपुर जेल से मुरैना स्थानांतरित किया गया था। कल्ली गुर्जर खुद हत्या और लूट जैसे कई गंभीर मामलों में वांछित है और उसकी गिरफ्तारी पर 60 हजार रुपये का इनाम घोषित है। वह लंबे समय से फरार चल रहा है और पुलिस की पकड़ से दूर है।
जेलर सुनीत कुमार शर्मा ने अपनी शिकायत में बताया है कि आरोपी ने जेल की आंतरिक व्यवस्था में हस्तक्षेप करने की कोशिश की है। उन्होंने अपनी और जेल की सुरक्षा को लेकर चिंता व्यक्त करते हुए पुलिस से सुरक्षा बल उपलब्ध कराने की मांग की है। इस घटना ने जेल की सुरक्षा प्रणाली की संवेदनशीलता को उजागर कर दिया है, जहां एक फरार अपराधी जेल के भीतर के फैसलों को प्रभावित करने का दुस्साहस कर रहा है।
पुलिस की कार्रवाई और जांच
उप जेल अधीक्षक की शिकायत पर मुरैना की सिटी कोतवाली पुलिस ने कल्ली गुर्जर के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 132, 296(ए) और 351(3) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू कर दी है। रिकॉर्ड की गई कॉल की जांच की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि आरोपी ने किस स्थान से कॉल किया था।
मुरैना के पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीना ने मामले की पुष्टि करते हुए कहा कि जेल अधिकारी को धमकी देने के मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। उन्होंने बताया कि कल्ली गुर्जर को पकड़ने के लिए पुलिस की टीमें पहले से ही सक्रिय हैं और अब इस नई धमकी के बाद उसकी तलाश और तेज कर दी गई है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
यह घटना जेल प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती बनकर उभरी है। एक फरार अपराधी का जेलर को फोन करना यह दर्शाता है कि अपराधी के हौसले कितने बुलंद हैं। फिलहाल, पुलिस और जेल प्रशासन दोनों ही इस मामले में सतर्कता बरत रहे हैं और आरोपी की लोकेशन ट्रेस करने की कोशिश की जा रही है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!