महेंद्रगढ़ रेलवे स्टेशन पर अब हाईटेक मशीनों से होगी सफाई, अमृत भारत योजना के तहत मिला नया टेंडर
महेंद्रगढ़ रेलवे स्टेशन पर अमृत भारत स्टेशन स्कीम के तहत आधुनिक मशीनों से सफाई की जाएगी। दिल्ली की फ्रेंड्स डिटेक्टिव सिक्योरिटी सर्विस नामक विशेषज्ञ एजेंसी को इस सफाई अभियान का टेंडर दिया गया है।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

महेंद्रगढ़ रेलवे स्टेशन पर स्वच्छता का नया दौर
महेंद्रगढ़ रेलवे स्टेशन का कायाकल्प करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत अब इस स्टेशन पर सफाई व्यवस्था को पूरी तरह से आधुनिक बनाया जा रहा है। यात्रियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं देने के उद्देश्य से बीकानेर मंडल के छह प्रमुख स्टेशनों का चयन किया गया है, जिनमें महेंद्रगढ़ भी शामिल है। इस नई व्यवस्था के तहत अब स्टेशन परिसर की सफाई पारंपरिक तरीकों के बजाय आधुनिक मशीनों के माध्यम से की जाएगी।
इस सफाई अभियान के संचालन के लिए दिल्ली की 'फ्रेंड्स डिटेक्टिव सिक्योरिटी सर्विस' को जिम्मेदारी सौंपी गई है। एजेंसी को तीन साल के लिए टेंडर दिया गया है, जो जून 2029 तक प्रभावी रहेगा। स्टेशन पर तैनात सफाईकर्मियों की संख्या में भी बढ़ोतरी की गई है। पहले जहां केवल सात कर्मचारी और एक सुपरवाइजर कार्यरत थे, वहीं अब 14 सफाईकर्मी नियुक्त किए गए हैं, जो सुविधा प्रबंधक हेमराज शर्मा की देखरेख में अपनी सेवाएं देंगे।
आधुनिक मशीनों से लैस होगा स्टेशन
महेंद्रगढ़ स्टेशन पर सफाई को हाईटेक बनाने के लिए सात अत्याधुनिक मशीनें पहुंच चुकी हैं और उन्होंने अपना कार्य भी शुरू कर दिया है। ये मशीनें स्वचालित रूप से फर्श की गहरी सफाई, प्रेशर वॉशिंग और बारीक धूल हटाने में सक्षम हैं। इससे स्टेशन के प्लेटफॉर्म, टाइल्स और दीवारों की सफाई दिन-रात बेहतर तरीके से हो सकेगी। बीकानेर मंडल के अन्य स्टेशनों जैसे चरखी दादरी, कोसली, डबवाली, सिरसा और गोगामेड़ी में भी इसी तरह की व्यवस्था लागू की गई है।
रेलवे के इस कदम का स्थानीय स्तर पर स्वागत किया गया है। दैनिक रेल यात्री महासंघ और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने रेल मंत्रालय के प्रति आभार व्यक्त किया है। महासंघ के अध्यक्ष रामनिवास पाटोदा ने इस विकास को सराहनीय बताते हुए कहा कि इससे यात्रियों को एक स्वच्छ और सुखद वातावरण मिलेगा। साथ ही, उन्होंने इस रूट पर नई ट्रेनों के संचालन और तीर्थ स्थलों के लिए स्पेशल ट्रेनें चलाने की मांग भी दोहराई है।
ऐतिहासिक विकास की ओर अग्रसर
महेंद्रगढ़ रेलवे स्टेशन का एक लंबा इतिहास रहा है। वर्ष 1942 में मीटरगेज के रूप में शुरू हुआ यह स्टेशन 2008 में ब्रॉडगेज में बदला गया। इसके बाद 2015 में इसे आदर्श स्टेशन का दर्जा मिला और 2023 में यहां इलेक्ट्रिक ट्रेनों का परिचालन शुरू हुआ। वर्ष 2022 में इस स्टेशन को अमृत भारत स्टेशन योजना में शामिल किया गया था, जिसके तहत लगभग 18 करोड़ रुपये की लागत से स्टेशन का कायाकल्प किया जा रहा है और अब यह कार्य अपने अंतिम चरण में है।
बीकानेर मंडल के वाणिज्य प्रबंधक वीरेंद्र जोशी ने पुष्टि की है कि टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद एजेंसी ने काम संभाल लिया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के स्वच्छ भारत अभियान के तहत यह एक महत्वपूर्ण प्रयास है। यात्रियों को अब स्टेशनों पर पहले की तुलना में अधिक स्वच्छ और व्यवस्थित माहौल देखने को मिलेगा, जिससे उनकी यात्रा का अनुभव और बेहतर होगा।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!