कैमूर में मवेशी तस्करी का भंडाफोड़: एनएच-19 पर कंटेनर से 29 पशु बरामद, दो तस्कर गिरफ्तार
कैमूर जिले के दुर्गावती थाना क्षेत्र में पुलिस ने एनएच-19 पर एक बड़ी कार्रवाई करते हुए अवैध रूप से ले जाए जा रहे 29 मवेशियों को मुक्त कराया है। इस मामले में दो तस्करों को गिरफ्तार किया गया है।

मोहम्मद नवेद
एडिटर

बिहार के कैमूर जिले में पुलिस ने मवेशी तस्करी के एक बड़े नेटवर्क पर प्रहार किया है। दुर्गावती थाना पुलिस ने राष्ट्रीय राजमार्ग-19 पर एक विशेष वाहन जांच अभियान के दौरान अवैध रूप से ले जाए जा रहे 29 मवेशियों को बरामद किया है। इन पशुओं को एक कंटेनर में बेहद क्रूर और अमानवीय परिस्थितियों में ठूंस-ठूंस कर भरा गया था, जिन्हें वाराणसी ले जाने की योजना थी।
गुप्त सूचना पर पुलिस की घेराबंदी
पुलिस को 18 अगस्त को एक विश्वसनीय गुप्त सूचना मिली थी कि एक कंटेनर के माध्यम से मवेशियों की तस्करी की जा रही है। सूचना के अनुसार, वाहन मोहनियां के रास्ते वाराणसी की ओर बढ़ रहा था। इस इनपुट के आधार पर दुर्गावती थाना पुलिस ने डिडिखिली के पास एनएच-19 पर सघन चेकिंग अभियान शुरू किया। पुलिस की मुस्तैदी के कारण तस्करों का वाहन जाल में फंस गया।
जांच के दौरान पुलिस ने पंजीकरण संख्या BR24GC-3133 वाले कंटेनर को रुकने का इशारा किया। जब पुलिस ने वाहन की तलाशी ली, तो अंदर का दृश्य बेहद विचलित करने वाला था। मवेशियों को बिना किसी चारे या पानी के, अत्यंत संकरी जगह में क्रूरतापूर्वक बांधकर रखा गया था, जिससे उनकी स्थिति काफी दयनीय हो गई थी।
दो तस्कर गिरफ्तार, मामला दर्ज
इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने मौके से ही दो आरोपियों को हिरासत में ले लिया। गिरफ्तार किए गए तस्करों की पहचान प्रयागराज निवासी अनवर अहमद और प्रतापगढ़ निवासी अरमान खान के रूप में हुई है। पूछताछ में पता चला है कि ये लोग लंबे समय से इस अवैध कारोबार में सक्रिय थे और मवेशियों को तस्करी के जरिए दूसरे राज्यों में भेजने का काम कर रहे थे।
दुर्गावती थाना पुलिस ने इस मामले में कांड संख्या 342/26 दर्ज किया है। आरोपियों पर पशु क्रूरता निवारण अधिनियम और बिहार पशु संरक्षण एवं सुधार अधिनियम की विभिन्न गंभीर धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस अब इस मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी कर रही है।
जांच का दायरा और पुलिस की चेतावनी
पुलिस अब गिरफ्तार तस्करों से गहन पूछताछ कर रही है ताकि इस तस्करी रैकेट से जुड़े अन्य लोगों और मास्टरमाइंड तक पहुंचा जा सके। अधिकारियों का मानना है कि इस नेटवर्क के तार कई अन्य जिलों और राज्यों से जुड़े हो सकते हैं। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि इन मवेशियों को कहां से लाया गया था और इन्हें आगे किन लोगों को सौंपा जाना था।
कैमूर पुलिस ने स्पष्ट किया है कि क्षेत्र में मवेशियों की अवैध तस्करी और उनके प्रति क्रूरता को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। भविष्य में भी इस तरह के अवैध कार्यों पर लगाम लगाने के लिए राजमार्गों पर निगरानी और सख्त चेकिंग अभियान जारी रहेंगे। बरामद किए गए मवेशियों को सुरक्षित स्थानों पर भेजने की व्यवस्था की जा रही है ताकि उन्हें उचित देखभाल मिल सके।

एडिटर
मोहम्मद नवेद
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!