ग्वालियर: मृत दोस्त के कर्ज के लिए युवक का अपहरण, पुलिस ने घेराबंदी कर बदमाशों को दबोचा
डेढ़ साल पहले सड़क हादसे में मर चुके एक दोस्त के ₹40,000 के कर्ज को चुकाने के लिए चार बदमाशों ने ढाबे पर खाना खाने आए युवकों पर जानलेवा हमला कर दिया। कंट्रोल रूम की मुस्तैदी और महज 1 घंटे की तगड़ी घेराबंदी के बाद रात 3 बजे पुलिस ने अपहृत युवक को सुरक्षित छुड़ाकर मुख्य आरोपियों को दबोच लिया।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

पुरानी रंजिश और कर्ज का विवाद
ग्वालियर के सिरोल थाना क्षेत्र में कर्ज वसूली को लेकर एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां कुछ बदमाशों ने एक युवक का सरेराह अपहरण कर लिया। विवाद की जड़ डेढ़ साल पहले सड़क हादसे में जान गंवाने वाले एक युवक का 40 हजार रुपये का कर्ज था। मुख्य आरोपी शिवम गुर्जर लगातार मृतक के साथी विवेक किरार पर इस रकम को चुकाने का दबाव बना रहा था।
विवेक का आरोप है कि आरोपी शिवम ने पहले भी उसकी बुलेट मोटरसाइकिल जबरन अपने कब्जे में ले ली थी, जिसे काफी मशक्कत के बाद उसने वापस हासिल किया था। इसके बावजूद आरोपी उसे लगातार धमकियां दे रहा था। घटना वाली रात विवेक अपने दो साथियों, धीरज और नीरज गौड़ के साथ खाना खाने के लिए हाईवे स्थित एक ढाबे पर गया था।
ढाबे के बाहर खूनी संघर्ष और अपहरण
16 जुलाई की देर रात जब विवेक और उसके साथी खाना खाकर वापस लौट रहे थे, तभी शिवम गुर्जर अपने तीन साथियों—अभिषेक जाट, राजू उर्फ अंशू गुर्जर और एक नाबालिग के साथ वहां पहुंचा। आरोपियों ने आते ही विवेक को घेर लिया और पैसों की मांग करते हुए गाली-गलौज शुरू कर दी। विरोध करने पर आरोपियों ने लाठी-डंडों से उन पर जानलेवा हमला कर दिया।
हमले में विवेक और धीरज गंभीर रूप से घायल हो गए। धीरज का सिर फट गया और वह लहूलुहान हो गया। जब दोनों ने अपनी जान बचाने के लिए भागने की कोशिश की, तो बदमाशों ने धीरज के भाई नीरज गौड़ को जबरन अपनी कार में खींच लिया और उसे अगवा कर मौके से फरार हो गए।
पुलिस की मुस्तैदी और सफल रेस्क्यू
घटना की सूचना मिलते ही सिरोल थाना पुलिस हरकत में आई। घायलों को तुरंत उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया और पूरे शहर में नाकेबंदी कर दी गई। पुलिस कंट्रोल रूम को अलर्ट किया गया और बदमाशों की कार की तलाश शुरू की गई। पुलिस की सक्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि वारदात के महज एक घंटे के भीतर ही घेराबंदी कर ली गई।
रात करीब 3 बजे पुलिस ने गोविंदपुरी इलाके में बदमाशों को घेर लिया। पुलिस टीम ने सभी चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया और अपहृत नीरज गौड़ को सुरक्षित मुक्त करा लिया। सिरोल थाना प्रभारी गोविंद बागोली ने पुष्टि की है कि सभी आरोपियों को हिरासत में ले लिया गया है, जिनमें एक नाबालिग भी शामिल है।
कानूनी कार्रवाई जारी
पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर रही है ताकि घटना में शामिल अन्य पहलुओं का पता लगाया जा सके। इस घटना ने शहर में सुरक्षा व्यवस्था और कर्ज वसूली के नाम पर हो रही गुंडागर्दी को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!