99 करोड़ के गबन मामले में भाजपा नेता के भाई की गिरफ्तारी, जीरकपुर से पुलिस ने दबोचा
गबन मामले में सिरसा से बीजेपी नेता के भाई को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी का पंचकूला में अलकाइन पानी की फैक्टी है और करीब 99 करोड़ गबन करने का आरोप है।

मुश्ताक अहमद खान
Editor In Chief

पंचकूला पुलिस की बड़ी कार्रवाई
हरियाणा के सिरसा से जुड़े एक बड़े वित्तीय घोटाले में पंचकूला पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस की क्राइम ब्रांच-26 ने 99 करोड़ रुपये के गबन के मुख्य आरोपी हरभजन सिंह को पंजाब के जीरकपुर के पास से गिरफ्तार किया है। आरोपी पर लोगों के साथ धोखाधड़ी करने और भारी रकम हड़पने के गंभीर आरोप हैं। इस गिरफ्तारी के बाद से क्षेत्र में हड़कंप मच गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, आरोपी हरभजन सिंह को न केवल गबन के मामले में पकड़ा गया है, बल्कि गिरफ्तारी के समय उसके पास से 306 ग्राम नशीला पदार्थ भी बरामद हुआ है। पुलिस ने उसे रंगे हाथों गिरफ्तार किया और अदालत में पेश किया, जहां से उसे तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेजा गया था। रिमांड अवधि पूरी होने के बाद उसे पुनः न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
आरोपी की पृष्ठभूमि और पहचान
आरोपी हरभजन सिंह मूल रूप से सिरसा जिले के रानियां शहर की ढाणी सतनाम सिंह का निवासी है। पिछले सात-आठ वर्षों से वह पंजाब के जीरकपुर में रह रहा था। वहां वह खुद को अलकाइन पानी की फैक्ट्री का मालिक बताता था। गौरतलब है कि आरोपी का भाई भाजपा की कार्यकारिणी में एक पदाधिकारी है, जिसके कारण यह मामला राजनीतिक गलियारों में भी चर्चा का विषय बना हुआ है।
पुलिस सूत्रों का कहना है कि यह हाई-प्रोफाइल मामला केवल एक व्यक्ति तक सीमित नहीं हो सकता। इस वित्तीय घोटाले और ड्रग सिंडिकेट के तार अन्य कई लोगों से जुड़े होने की आशंका जताई जा रही है। पंचकूला पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुटी है ताकि गबन की गई राशि और इसमें शामिल अन्य चेहरों का खुलासा हो सके।
राजनीतिक नेता का पक्ष
इस मामले में जब आरोपी के भाई से संपर्क किया गया, तो उन्होंने हरभजन सिंह के साथ किसी भी प्रकार के संबंध होने से इनकार कर दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि हरभजन पिछले कई वर्षों से उनसे अलग रह रहा है और उनका उसके साथ कोई लेनदेन नहीं है। उन्होंने इन आरोपों को अपनी छवि खराब करने की साजिश करार दिया है।
भाजपा नेता ने दावा किया कि उनका परिवार पिछले 40 वर्षों से सामाजिक और धार्मिक कार्यों में सक्रिय है। उन्होंने कहा, 'मैं स्वयं नशे के खिलाफ अभियान चलाने की योजना बना रहा हूं, और शायद मेरी बढ़ती लोकप्रियता से घबराकर कुछ लोग मेरे परिवार को बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं।' उन्होंने यह भी कहा कि हरभजन का नशे के कारोबार से कोई लेना-देना नहीं है और वित्तीय लेनदेन का मामला निजी हो सकता है।
स्थानीय पुलिस की अनभिज्ञता
दूसरी ओर, रानियां थाना पुलिस ने इस मामले में किसी भी प्रकार की आधिकारिक सूचना मिलने से इनकार किया है। स्थानीय पुलिस का कहना है कि उन्हें पंचकूला पुलिस की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक जानकारी या सहयोग के लिए कोई संदेश प्राप्त नहीं हुआ है। मामले की गंभीरता को देखते हुए अब जांच की दिशा और अन्य आरोपियों की संलिप्तता पर सबकी नजरें टिकी हैं।

Editor In Chief
मुश्ताक अहमद खान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!