बलिया में पुलिस और वाहन चोरों के बीच मुठभेड़: एक बदमाश घायल, 11 बाइक और ट्रैक्टर-ट्रॉली बरामद
बलिया में बैरिया पुलिस और स्वाटसर्विलांस टीम ने एक संयुक्त अभियान में पांच अंतरराज्यीय वाहन चोरों को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी पुलिस मुठभेड़ के बाद हुई, जिसमें एक बदमाश के पैर में गोली लगी है।

मोहम्मद फ़ैज़ान
संपादक

उत्तर प्रदेश के बलिया जिले में बैरिया थाना पुलिस और स्वाट/सर्विलांस टीम ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए अंतरराज्यीय वाहन चोर गिरोह के पांच सदस्यों को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी शनिवार देर रात एक पुलिस मुठभेड़ के बाद संभव हो सकी। इस दौरान पुलिस की जवाबी कार्रवाई में गिरोह का एक सदस्य घायल हो गया, जिसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
मुठभेड़ का घटनाक्रम
पुलिस के अनुसार, यह घटना शनिवार देर रात करीब 2:45 बजे की है। बैरिया से बिहार की ओर जाने वाले मार्ग पर टोला बाजराय के पास पुलिस टीम ने संदिग्धों की घेराबंदी की थी। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस को पता चला था कि गिरोह के सदस्य चोरी के वाहनों के साथ इस रास्ते से गुजरने वाले हैं। जैसे ही पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया, बदमाशों ने खुद को घिरता देख पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी।
पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की, जिसमें हेमंत सिंह नामक बदमाश के दाहिने पैर में गोली लग गई। घायल हेमंत को तुरंत सोनबरसा स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले जाया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। पुलिस ने मौके से ही अन्य चार साथियों को भी दबोच लिया।
बरामदगी और गिरोह का नेटवर्क
पकड़े गए आरोपियों की पहचान हेमंत सिंह, हर्ष राज सिंह उर्फ राज सिंह, दिनेश श्रीवास्तव, अनुज उपाध्याय उर्फ शिवम उपाध्याय और जयकुमार गोड़ उर्फ संटुल गोड़ के रूप में हुई है। तलाशी के दौरान पुलिस ने इनके पास से 11 चोरी की मोटरसाइकिलें, एक ट्रैक्टर, एक ट्रॉली और दो पंपिंग सेट मोटर बरामद किए हैं। इसके अलावा, पुलिस ने एक तमंचा, कारतूस और वाहन चोरी में इस्तेमाल किए जाने वाले औजार भी जब्त किए हैं।
अपर पुलिस अधीक्षक (दक्षिणी) संजय वर्मा ने बताया कि यह गिरोह उत्तर प्रदेश के विभिन्न इलाकों से वाहन चोरी करता था और उन्हें बिहार के बाजारों में खपाने की योजना बना रहा था। पुलिस अब इस गिरोह के अन्य संपर्कों और नेटवर्क के बारे में आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है।
कानूनी कार्रवाई और जांच
पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। बरामद किए गए वाहनों के चेसिस और इंजन नंबरों के जरिए उनके मालिकों की पहचान की जा रही है ताकि चोरी के मामलों का खुलासा हो सके। पुलिस का कहना है कि इस गिरोह के पकड़े जाने से क्षेत्र में वाहन चोरी की घटनाओं पर लगाम लगने की उम्मीद है।
फिलहाल, पुलिस टीम पकड़े गए बदमाशों के आपराधिक इतिहास को खंगाल रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि वे पहले भी किन-किन वारदातों में शामिल रहे हैं। इस संयुक्त अभियान ने अंतरराज्यीय स्तर पर सक्रिय वाहन चोरों के मंसूबों पर पानी फेर दिया है।

संपादक
मोहम्मद फ़ैज़ान
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!