औरंगाबाद में उत्पाद विभाग की बड़ी कार्रवाई: XUV से 195 किलो गांजा बरामद, चालक फरार
औरंगाबाद जिले में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ उत्पाद विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। गांजा को 182 अलग-अलग पैकेट में छिपाकर रखा गया था।

मोहम्मद नवेद
एडिटर

एनएच-139 पर पुलिस को देख गाड़ी छोड़कर भागा तस्कर
बिहार के औरंगाबाद जिले में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ उत्पाद विभाग ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। रिसियप थाना क्षेत्र के अंतर्गत बभंडीह स्थित पंचदेव धाम गौशाला के पास एनएच-139 पर विभाग की टीम ने एक XUV वाहन को घेराबंदी कर रोका। इस दौरान वाहन चालक पुलिस को चकमा देकर अंधेरे का फायदा उठाते हुए मौके से फरार होने में सफल रहा।
उत्पाद अधीक्षक मनोज कुमार राय के नेतृत्व में की गई इस कार्रवाई में टीम ने जब वाहन की तलाशी ली, तो अंदर का नजारा देखकर अधिकारी भी दंग रह गए। गाड़ी के भीतर बड़ी चालाकी से गांजा के पैकेट छिपाकर रखे गए थे। कुल 182 पैकेट बरामद किए गए, जिनका कुल वजन 195.224 किलोग्राम मापा गया है।
झारखंड से बिहार लाई जा रही थी खेप
विभाग को गुप्त सूचना मिली थी कि झारखंड की ओर से एक संदिग्ध XUV वाहन में भारी मात्रा में गांजा औरंगाबाद की सीमा में प्रवेश कर रहा है। सूचना के आधार पर सहायक उत्पाद अवर निरीक्षक गोविंद कुमार के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। टीम ने एनएच-139 पर निगरानी बढ़ा दी थी, जिसके बाद संदिग्ध वाहन को ट्रैक किया गया।
जैसे ही तस्करों को उत्पाद विभाग की टीम के पीछा करने का आभास हुआ, चालक ने गाड़ी की गति बढ़ा दी। कुछ दूर आगे जाने के बाद, घबराहट में उसने वाहन को सड़क किनारे लावारिस हालत में छोड़ दिया और खेतों के रास्ते भाग निकला। तलाशी के दौरान बरामद हुए 182 पैकेटों को जब्त कर लिया गया है।
सीओ की मौजूदगी में हुई जब्ती की प्रक्रिया
पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए इस पूरी कार्रवाई की वीडियोग्राफी कराई गई। कुटुंबा अंचल के अंचलाधिकारी (CO) चंद्र प्रकाश की उपस्थिति में जब्ती सूची तैयार की गई। इसके बाद, गांजा लदी XUV को जब्त कर पड़रावा स्थित उत्पाद विभाग के कार्यालय ले जाया गया, जहां वजन की पुष्टि की गई।
प्राथमिक जांच में सामने आया है कि प्रत्येक पैकेट का वजन लगभग एक किलोग्राम था। फिलहाल, विभाग ने वाहन के रजिस्ट्रेशन नंबर के जरिए उसके मालिक की पहचान करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि यह खेप कहां से लोड की गई थी और इसे किस ठिकाने पर पहुंचाया जाना था।
तस्करों के नेटवर्क को खंगालने में जुटी पुलिस
उत्पाद विभाग के अधिकारियों का कहना है कि फरार चालक की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है। इस मामले में उन सभी संभावित कड़ियों को जोड़ा जा रहा है जो मादक पदार्थों के इस अवैध नेटवर्क से जुड़ी हो सकती हैं। विभाग का लक्ष्य इस खेप के मुख्य आपूर्तिकर्ता और रिसीवर तक पहुंचना है।
आने वाले दिनों में इस मामले में और भी गिरफ्तारियां होने की संभावना है। बरामद गांजा की बाजार में कीमत लाखों में आंकी जा रही है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि नशे के अवैध कारोबार में लिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

एडिटर
मोहम्मद नवेद
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!