अजमेर: रिश्वतखोर जॉइंट डायरेक्टर के लॉकर से निकला करोड़ों का खजाना, 9 बैंक खातों में भी मिली भारी रकम
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) की रिश्वत प्रकरण में जारी जांच के दौरान आरोपी जयप्रकाश चारण, संयुक्त निदेशक, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग, अजमेर के परिवार के संयुक्त लॉकर की तलाशी में बड़ी मात्रा में सोने-चांदी के आभूषण मिले हैं। एसीबी के अनुसार लॉकर से करीब 945 ग्राम सोना और 1.027 किलोग्राम चांदी के आभूषण बरामद हुए हैं।

मोहम्मद नवेद
एडिटर

एसीबी की बड़ी कार्रवाई: रिश्वतखोर अधिकारी के घर और लॉकर खंगाले
राजस्थान के अजमेर में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के जॉइंट डायरेक्टर जयप्रकाश चारण के ठिकानों पर छापेमारी की। यह कार्रवाई तब शुरू हुई जब अधिकारी को 3 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया। जांच के दौरान अधिकारी के बैंक लॉकरों और खातों से मिली संपत्ति ने एसीबी अधिकारियों को भी हैरान कर दिया है।
एसीबी की टीम ने शुक्रवार से शुरू हुए सर्च ऑपरेशन को शनिवार तक जारी रखा। इस दौरान आरोपी के घर, अन्य ठिकानों और बैंक लॉकरों की गहन तलाशी ली गई। एसीबी के अनुसार, यह पूरा मामला 3 सितंबर को हुई उस ट्रैप कार्रवाई से जुड़ा है, जिसमें जॉइंट डायरेक्टर को बिल पास करने की एवज में 5 लाख रुपये की रिश्वत मांगते हुए पकड़ा गया था।
लॉकर से मिले 1.46 करोड़ के गहने
जांच में सामने आया है कि आरोपी अधिकारी के परिवार के नाम पर संचालित बैंक लॉकर से भारी मात्रा में सोना और चांदी बरामद हुई है। एसीबी के डीआईजी डॉ. रामेश्वर सिंह ने बताया कि लॉकर से करीब 945 ग्राम सोना और 1.027 किलोग्राम चांदी के आभूषण मिले हैं। इन आभूषणों की बाजार में अनुमानित कीमत 1 करोड़ 46 लाख 43 हजार रुपये आंकी गई है।
इतना ही नहीं, अधिकारी और उनके परिजनों के नाम पर संचालित 9 बैंक खातों की भी जांच की गई। इन खातों में कुल 64 लाख 26 हजार 780 रुपये की राशि जमा पाई गई है। एसीबी के अनुसार, इन 9 खातों में से तीन खाते खुद आरोपी जयप्रकाश चारण के हैं, तीन उनकी पत्नी के और तीन खाते उनकी मां के नाम पर हैं।
आय के ज्ञात स्रोतों की जांच जारी
एसीबी अब इन संपत्तियों और बैंक खातों में जमा रकम के स्रोत की गहन जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि लॉकर में मिले गहनों और बैंक खातों से संबंधित सभी दस्तावेजों को जब्त कर लिया गया है। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि क्या यह संपत्ति अधिकारी की ज्ञात आय के स्रोतों से अधिक है या नहीं।
जांच के दौरान यह भी पता चला है कि अभी एक बैंक खाते की जानकारी पूरी तरह सामने नहीं आई है, जिसकी विस्तृत रिपोर्ट सोमवार तक मिलने की उम्मीद है। एसीबी ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी प्रक्रिया तेज कर दी है।
रिश्वतखोरी का मामला और गिरफ्तारी
गौरतलब है कि 3 सितंबर को जयपुर एसीबी की टीम ने अजमेर के विनायक नगर स्थित आवास पर दबिश देकर जॉइंट डायरेक्टर जयप्रकाश चारण को 3 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया था। आरोपी अधिकारी ने एक बिल पास करने के बदले में कुल 5 लाख रुपये की मांग की थी। एसीबी की इस कार्रवाई के बाद से विभाग में हड़कंप मचा हुआ है और अधिकारी की संपत्ति को लेकर लगातार नए खुलासे हो रहे हैं।

एडिटर
मोहम्मद नवेद
टिप्पणियाँ (2)
- अअमित कुमार2 घंटे पहले
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। FN News पर भरोसा बना रहता है।
- ससपना ठाकुर4 घंटे पहले
ग्वालियर-चंबल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!