Category: Conflict

मार्शल लॉ की कोशिश पड़ी भारी, दक्षिण कोरिया के पूर्व राष्ट्रपति को 5 साल की सजा

दक्षिण कोरिया की एक अदालत ने पूर्व राष्ट्रपति यून सुक योल को पांच साल की जेल की सजा सुनाई है। दिसंबर 2024 में अपने कार्यकाल के दौरान पूरे देश में मार्शल लॉ लागू करने की कोशिश को अदालत ने सत्ता का दुरुपयोग करार दिया। शुक्रवार को फैसला सुनाते हुए जज ने कहा कि यून के कदमों से देश गंभीर राजनीतिक संकट में फंस गया था। बीबीसी की रिपोर्ट के अनुसार, सुनवाई के दौरान यून के करीब 100 समर्थक अदालत के बाहर बड़ी स्क्रीन पर लाइव कार्यवाही देखते नजर आए। कुछ समर्थकों के हाथों में लाल बैनर थे, जिन पर लिखा था—“यून, वापस आओ! कोरिया को फिर से महान बनाओ।” रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि कुछ दिन पहले यून ने खुद को अपने घर में बंद कर लिया था और बाहर सुरक्षा गार्ड तैनात कर दिए थे, ताकि जांच एजेंसियों के अधिकारी अंदर न पहुंच सकें। इसके बावजूद पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया। यून सुक योल पर कई मामलों में मुकदमे चल रहे हैं, जिनमें सबसे गंभीर आरोप देशद्रोह का है। अभियोजन पक्ष ने अदालत से उनके लिए मौत की सजा की मांग की है। इस मामले में अदालत फरवरी में अगली सुनवाई और फैसला सुनाने वाली है।

अप्रेन्टिसशिप युवा संगम एवं रोजगार–स्वरोजगार मेला 25 नवम्बर को

प्रतिष्ठित कंपनियाँ ग्वालियर में करेंगी भर्ती, युवाओं के लिए बड़ा अवसर प्रतिष्ठित निजी कंपनियाँ करेंगी चयन जिला रोजगार कार्यालय के अनुसार मेले में कई नामी निजी कम्पनियों के प्रतिनिधि मौजूद रहेंगे। प्रमुख भाग लेने वाली कम्पनियाँ— इन पदों पर होगी भर्ती मेले में 18 से 50 वर्ष आयु वर्ग के युवा हिस्सा ले सकेंगे। चयनित उम्मीदवारों को ₹10,000 से ₹50,000 मासिक वेतन दिया जाएगा। भर्ती निम्न पदों पर की जाएगी— स्वरोजगार के लिए ऋण प्रकरण भी तैयार होंगे जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र द्वारा युवाओं के लिए स्वरोजगार हेतु ऋण प्रकरण भी तैयार किए जाएंगे, जिससे इच्छुक युवा स्वयं का व्यवसाय शुरू कर सकें। आवश्यक दस्तावेज़ मेले में उपस्थित होने वाले उम्मीदवारों को निम्न दस्तावेज़ साथ लाने होंगे— नोट: प्रतिभागियों को किसी प्रकार का यात्रा भत्ता (TA) देय नहीं होगा।

फेक न्यूज़ से बचने के 5 आसान तरीके – डिजिटल युग में सच्चाई की पहचान करना सीखें

आज के सोशल मीडिया दौर में हर खबर सच नहीं होती। जानिए कुछ आसान ट्रिक्स जिनसे आप फेक न्यूज़ को पहचान सकते हैं और दूसरों तक सिर्फ सच्ची जानकारी पहुंचा सकते हैं। आज की डिजिटल दुनिया में “फेक न्यूज़” से बचने के 5 आसान तरीके लेख: FN News Channel टीम आज के समय में हर कोई मोबाइल पर न्यूज़ पढ़ता है — WhatsApp, Facebook, Instagram, Telegram या YouTube के ज़रिए।लेकिन क्या हर खबर सच होती है? नहीं।भारत में हर दिन सैकड़ों फेक न्यूज़ शेयर होती हैं जो लोगों में भ्रम और डर फैलाती हैं।ऐसे में सच्ची और झूठी खबर की पहचान करना बहुत ज़रूरी हो गया है।चलिए जानते हैं 5 आसान तरीके जिनसे आप खुद तय कर सकते हैं कि खबर सही है या नहीं। 1️⃣ सोर्स (Source) चेक करें हमेशा देखें कि खबर कहाँ से आई है।अगर खबर किसी ऑफिशियल न्यूज़ वेबसाइट, सरकारी पोर्टल, या विश्वसनीय मीडिया चैनल से आई है तो वह ज़्यादातर सही होगी।अगर लिंक किसी अनजान वेबसाइट या बिना नाम वाले पेज से आया है, तो सावधान रहें। 2️⃣ हेडलाइन से भ्रमित न हों कई बार हेडलाइन बहुत चौंकाने वाली होती है ताकि लोग क्लिक करें — इसे “Clickbait” कहा जाता है।पूरी खबर पढ़ें, सिर्फ हेडलाइन देखकर राय न बनाएं। 3️⃣ फोटो और वीडियो की जाँच करें फेक न्यूज़ में पुरानी या एडिट की गई तस्वीरें और वीडियो दोबारा इस्तेमाल होते हैं।आप Google Image Search या InVid टूल से जांच सकते हैं कि फोटो या वीडियो असली है या नहीं। 4️⃣ ऑथर और तारीख देखें कई फेक न्यूज पुराने घटनाओं को नए रूप में दिखाकर वायरल करती हैं।हमेशा खबर की तारीख देखें और देखें कि उसे किसने लिखा है। 5️⃣ सरकारी फैक्ट-चेक पोर्टल का इस्तेमाल करें भारत सरकार का PIB Fact Check (@PIBFactCheck on X / Twitter) या AltNews, BoomLive जैसी वेबसाइट्स पर जाकर आप किसी भी वायरल खबर की सच्चाई जान सकते हैं। 🧠 निष्कर्ष फेक न्यूज़ सिर्फ गलत जानकारी नहीं होती — यह समाज में डर, नफरत और भ्रम फैलाती है।एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में हमें हर खबर को साझा करने से पहले उसकी सच्चाई जांचनी चाहिए।सही जानकारी फैलाना ही असली देशभक्ति है। 📢 FN News Channel का मकसद है —“सच को पहचानो, सोच को बदलो।”हर दिन ताज़ा और सटीक जानकारी के लिए विजिट करें 👉 www.fnnewschannel.in

चेतकपुरी पोस्ट से जा रही डायल-112 एफआरवी अनियंत्रित होकर डिवाइडर पर चढ़ी, दो आरक्षक निलंबित

ग्वालियर, 19 अक्टूबररात के अँधेरे में झांसी रोड के नाका चंद्रवदनी के पास डायल-112 (एफआरवी) वाहन अनियंत्रित होकर शहर के डिवाइडर पर चढ़ गया और पलट गया। पुलिस के मुताबिक, वाहन चेतकपुरी पाइंट पर तैनात था और रात की गश्त के दौरान चेतकपुरी से झांसी रोड थाना की तरफ जा रहा था। इसी दौरान पायलट शैलेंद्र गुर्जर को अचानक झपकी आने पर वाहन नियंत्रण खो बैठा और दुर्घटना हुई। एफआरवी में पायलट के साथ आरक्षक संतोष शर्मा और जगमोहन शर्मा भी सवार थे। इस हादसे के बाद उच्चाधिकारियों ने कार्रवाई करते हुए दोनों आरक्षकों को निलंबित कर दिया है। साथ ही, एफआरवी प्रभारी भारत सिंह की ओर से पायलट शैलेंद्र गुर्जर के खिलाफ झांसी रोड थाने में नींद में वाहन चलाने की लापरवाही के आरोप में औपचारिक प्रकरण दर्ज कराया गया है। पुलिस प्रशासन ने प्राथमिक जांच प्रारंभ कर दी है और घटनास्थल से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है — जैसे कि वाहन की तकनीकी स्थिति, चालक की थकान/ड्यूटी रिकॉर्ड और गश्त के दौरान नियमानुसार व्यवस्था का पालन हुआ या नहीं। आगे की जांच रिपोर्ट के आधार पर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई जारी रखी जाएगी।

कौन हैं CSP हिना खान, जिनकी समझदारी से टला बड़ा विवाद

हिना खान मध्य प्रदेश सिविल सेवा की 2016 बैच की अधिकारी हैं, जो वर्तमान में ग्वालियर में नगर पुलिस अधीक्षक (सीएसपी) के रूप में कार्यरत हैं। वह मूल रूप से मध्य प्रदेश के गुना की रहने वाली हैं।  यहाँ उनका संक्षिप्त परिचय दिया गया है:

ग्वालियर में अवैध कॉलोनियों पर प्रशासन की सख्त कार्रवाई, गिरवाई क्षेत्र में सात कॉलोनियां ध्वस्त

ग्वालियर, 16 अक्टूबर।जिले में अनधिकृत रूप से विकसित की जा रही कॉलोनियों पर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान के निर्देश पर गुरुवार को गिरवाई क्षेत्र में सात अवैध कॉलोनियों पर संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सड़कों, सीवर लाइन और विद्युत पोल सहित अन्य निर्माणों को ध्वस्त कराया। कार्रवाई का नेतृत्व क्षेत्रीय तहसीलदार श्री दिनेश चौरसिया ने किया। उनके साथ नगर निगम, राजस्व विभाग और पुलिस की टीम मौजूद रही। टीम ने मशीनों की मदद से उन निर्माण कार्यों को नष्ट किया जो बिना स्वीकृति के किए जा रहे थे। तहसीलदार चौरसिया ने बताया कि गिरवाई क्षेत्र में सर्वे क्रमांक 911, 951, 1054, 1055, 1377, 1471, 1472 और 1473 में कुछ व्यक्तियों द्वारा अवैध कॉलोनियों का विकास किया जा रहा था। इन सभी मामलों में नगर निगम द्वारा पहले ही विधिवत नोटिस जारी किए गए थे, परंतु संबंधित व्यक्तियों ने नोटिस की अनदेखी करते हुए निर्माण जारी रखा। इसकी जानकारी मिलते ही प्रशासनिक टीम ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की। अवैध निर्माण हटाने के साथ-साथ इन कॉलोनियों को विकसित करने में शामिल लोगों के खिलाफ कानूनी कार्यवाही का प्रस्ताव भी तैयार किया गया है। कलेक्टर श्रीमती चौहान ने कहा है कि जिले में अवैध प्लॉटिंग या कॉलोनी निर्माण की कोई भी गतिविधि बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रशासन की कार्रवाई आगे भी इसी तरह निरंतर जारी रहेगी।

ग्वालियर में दस्तावेज़ों का दुरुपयोग: आधार-पैन से बाइक फाइनेंस,

ग्वालियर के गोला का मंदिर क्षेत्र की न्यू शंकरपुरी कॉलोनी निवासी नरेंद्र सिंह जादौन के नाम पर फर्जी तरीके से बाइक फाइनेंस कराने का मामला सामने आया है। नरेंद्र सिंह ने बताया कि जनवरी 2024 में उन्हें एचडीबी बैंक से फोन आया और मोटरसाइकिल की तीन महीने की बकाया किस्त न चुकाने पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी गई। हैरानी की बात यह थी कि नरेंद्र सिंह ने कभी कोई बाइक फाइनेंस ही नहीं कराया। जब वह शिंदे की छावनी स्थित बैंक शाखा पहुँचे तो पता चला कि उनके आधार और पैन कार्ड का दुरुपयोग कर बाइक खरीदी गई है। जाँच में सामने आया कि पैन कार्ड में छेड़छाड़ कर यह धोखाधड़ी की गई है। पीड़ित ने इस मामले की शिकायत कई बार थाने में दर्ज कराई, लेकिन दो साल गुजर जाने के बाद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उल्टा बैंक की ओर से लगातार किस्त और कानूनी कार्रवाई की धमकियाँ मिलती रहीं। इससे परेशान होकर नरेंद्र सिंह ने अब ग्वालियर पुलिस अधीक्षक कार्यालय में पहुँचकर लिखित शिकायत दी और न्याय की गुहार लगाई। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच शुरू की जाएगी और आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

रास्ते पर खड़ी बाइक बनी विवाद की वजह: कुल्हाड़ी-लाठी से हमला

ग्वालियर के घाटीगांव थाना क्षेत्र के सिमरिया टांका गांव में रास्ते को लेकर पुराने विवाद ने सोमवार दोपहर खूनी झगड़े का रूप ले लिया।इसी दौरान एक ही परिवार के चार लोगों ने कुल्हाड़ी और लाठियों से हमला कर पड़ोसी को गंभीर रूप से घायल कर दिया। जानकारी के मुताबिक, महेन्द्र कुशवाह और उनके पड़ोसियों के बीच खेत तक आने-जाने के रास्ते को लेकर लंबे समय से तनाव चल रहा था। सोमवार को महेन्द्र ने अपनी मोटरसाइकिल रास्ते में खड़ी कर दी, जिस पर पड़ोसी बंटी, छविराम, अनिल और धारा कुशवाह भड़क गए। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ा कि आरोपी घर से कुल्हाड़ी और लाठी-डंडे लेकर आ गए और महेन्द्र पर हमला कर दिया। हमले में महेन्द्र का सिर फट गया और वह लहूलुहान होकर गिर पड़ा। बचाने आए उसके भाई पूरन और अन्य परिजनों पर भी आरोपियों ने हमला कर दिया। घायल महेन्द्र को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना के बाद चारों आरोपी फरार हो गए। पुलिस ने सभी के खिलाफ नामजद मामला दर्ज कर लिया है और उनकी तलाश शुरू कर दी है।

राजगढ़ (माचलपुर) में इलाज के दौरान युवक की मौत, अस्पताल में हंगामा

माचलपुर (राजगढ़) में शनिवार को 24 वर्षीय अरविंद मालवीय की इलाज के दौरान मौत हो गई। इसके बाद परिजनों ने अस्पताल में हंगामा करते हुए ड्यूटी पर तैनात महिला डॉक्टर पायल पाटीदार पर लापरवाही का आरोप लगाया। आक्रोशित परिजनों ने डॉक्टर से मारपीट की और उनके कपड़े फाड़ दिए। घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। मृतक की मौत से कुछ घंटे पहले का एक वीडियो भी वायरल हुआ है, जिसमें वह कह रहा है कि अस्पताल में दवा का स्टॉक खत्म हो गया है और उसने दवा बाहर से खरीदी। परिजनों का आरोप है कि गलत दवा और इंजेक्शन दिए जाने से उसकी हालत बिगड़ी, जिसके बाद उसे रेफर किया गया। वहीं, डॉक्टर पायल पाटीदार का कहना है कि मरीज को प्राथमिक इलाज के बाद हालत बिगड़ने पर रेफर किया गया था। घटना के विरोध में रविवार को माचलपुर के सभी मेडिकल स्टोर, निजी क्लीनिक और पैथोलॉजी लैब बंद रहे, जिससे स्वास्थ्य सेवाएं बाधित रहीं। पुलिस ने महिला डॉक्टर से मारपीट करने, सरकारी कार्य में बाधा डालने और मेडिकल प्रोटेक्शन एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

Back To Top